blogs

Natural Juice for PE Best Sexologist in Patna Bihar India

Benefits of Natural Juices to control PE and improve Erectile Function: Dr. Sunil Dubey

पुरुषों में शीघ्रपतन के लिए लाभकारी पेय

हमारे आयुर्वेदाचार्य डॉ. सुनील दुबे, पटना के सर्वश्रेष्ठ सेक्सोलॉजिस्ट डॉक्टर का मानना है कि पुरुषों में होने वाले शीघ्रपतन (पी.ई.) को ठीक करने के लिए कोई एक "जादुई पेय" नहीं है, लेकिन कुछ पेय पदार्थ समग्र यौन स्वास्थ्य का समर्थन कर सकते हैं और अप्रत्यक्ष रूप से उनके रक्त परिसंचरण में सुधार, तनाव को कम करने और आवश्यक पोषक तत्व प्रदान करके पी.ई. लक्षणों को प्रबंधित करने में मदद कर सकते हैं। ये पेय हार्मोन संतुलन, परिसंचरण, तंत्रिका कार्य और मानसिक शांति का भी समर्थन करते हैं, जो सभी कारक हैं जो पुरुषों के स्खलन नियंत्रण को प्रभावित करते हैं। यहाँ कुछ लाभकारी पेय दिए गए हैं जो पुरुषों को शीघ्रपतन (पीई) के लक्षणों को प्रबंधित करने या कम करने में मदद कर सकते हैं।

निम्नलिखित कुछ लाभकारी पेय पदार्थ हैं जो पुरुषों को उनके स्खलन समय को नियंत्रित करने में सकारात्मक योगदान दे सकते हैं:

Best Ayurvedic Sexologist for PE Treatment Patna Bihar India

पानी व फल का जूस:

  • पानी: समस्त शारीरिक व मानसिक कल्याण के लिए यह सबसे ज़रूरी प्राकृतिक पेय है। पर्याप्त मात्रा में पानी पीना शरीर के संपूर्ण कामकाज के लिए ज़रूरी है, जिसमें रक्त संचार और ऊर्जा का स्तर भी शामिल होता है। निर्जलीकरण से शरीर में थकान और कार्यक्षमता में कमी आ सकती है। वैसे भी, व्यक्ति को प्रतिदिन पर्याप्त मात्रा में पानी पीना चाहिए जो उसके समस्त स्वास्थ्य के कल्याण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
  • अनार का रस: जैसा कि हम पहले ही इस फल के विशेषता जान चुके है, अनार का रस एंटीऑक्सिडेंट और यौगिकों से भरा होता है जो नाइट्रिक ऑक्साइड उत्पादन को बढ़ाकर रक्त प्रवाह में सुधार करने में मदद करता हैं। इरेक्शन प्राप्त करने और बनाए रखने के लिए बेहतर रक्त प्रवाह आवश्यक है और अप्रत्यक्ष रूप से स्खलन नियंत्रण में मदद कर सकता है। इसकी विशेषता यह भी है कि यह टेस्टोस्टेरोन के स्तर को बढ़ाने में मदद कर सकता है। बिना चीनी मिलाए 100% शुद्ध अनार का रस का सेवन समस्त स्वास्थ्य के साथ-साथ इरेक्शन की गुणवत्ता और हार्मोन संतुलन लिए बेहतर होता है।
  • तरबूज का रस: इसमें सिट्रूलिन की मात्रा अधिक होती है, जो नाइट्रिक ऑक्साइड उत्पादन को बढ़ावा देता है। यह प्राकृतिक वियाग्रा की तरह ही कार्य करता है। सप्ताह में 1-2 बार ताज़ा जूस (बिना चीनी मिलाए) का सेवन, व्यक्ति के स्तंभन शक्ति को बढ़ाने में मदद करता है, साथ-ही-साथ यह शीघ्रपतन के अल्पावधि को नियंत्रित करने में मदद करता है।
  • चुकंदर का जूस: अनार के जूस की तरह ही चुकंदर के जूस में भी डाइटरी नाइट्रेट्स भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं जो शरीर में जाकर नाइट्रिक ऑक्साइड में बदल जाते हैं। इससे रक्त संचार में काफी सुधार होता है, जो व्यक्ति के पेनिले के स्वास्थ्य (श्रोणि क्षेत्र में रक्त प्रवाह को बढ़ाता है) के लिए फायदेमंद होता है और संभावित रूप से स्खलन को नियंत्रित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। शारीरिक गतिविधि या अंतरंगता से पहले ½ से 1 गिलास चुकंदर का जूस पीना फायदेमंद होता है। यह शरीर में रक्त संचार और ऊर्जा को बढ़ाने में मदद करता है।

Top Ayurvedic Sexologist Doctor Patna Bihar India

प्राकृतिक व ग्रीन टी:

  • ग्रीन टी: इसमें एल-थीनाइन होता है, जो एक एमिनो एसिड है, यह शरीर में आराम को बढ़ावा देता है साथ ही तनाव और चिंता को कम करता है, जो पीई के लिए सामान्य मनोवैज्ञानिक योगदानकर्ता माने जाते हैं। इसमें एंटीऑक्सिडेंट (कैटेचिन) भी होते हैं जो समग्र हृदय स्वास्थ्य का समर्थन करते हैं, जिससे बेहतर परिसंचरण होता है और हार्मोन को संतुलित करता है। दिन में 1-2 कप, अतिरिक्त लाभ के लिए पैनेक्स जिनसेंग के साथ इसका इस पेय का सेवन आदर्श माने जाते है। इसके नियमित सेवन से व्यक्ति के चिंता में कमी और ऊर्जा के विनियमन में मदद मिलता है।
  • अदरक और शहद की चाय: अदरक शरीर में रक्त संचार और टेस्टोस्टेरोन के स्तर को बढ़ाने में मदद करता है, और शहद सहनशक्ति और तंत्रिका कार्य को सहायता प्रदान करने में सहायक है। 1 चम्मच कसा हुआ अदरक पानी में उबालें, छान लें और 1 चम्मच कच्चा शहद डालें। प्रतिदिन एक या दो बार पिएँ। यह शरीर में ऊर्जा और रक्त प्रवाह में सुधार करने में मदद करता है।

Leading Ayurvedic Sexologist in Patna Bihar India

सब्जियों का रस या पानी (लाभकारी सब्जियों से):

  • पालक, गाजर या चुकंदर सहित सब्जियों के रस पीने से विटामिन, खनिज और यौगिकों की एक केंद्रित खुराक शरीर को मिलती है जो रक्त प्रवाह और समग्र स्वास्थ्य का समर्थन करते हैं। पालक का रस, फोलेट और मैग्नीशियम से भरपूर होता है जो रक्त प्रवाह और तनाव कम करने के लिए फायदेमंद होता है। गाजर का रस, एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर होता है, यह समग्र स्वास्थ्य और रक्त परिसंचरण के लिए फायदेमंद माना जाता है।
  • मेथी का पानी: मेथी प्राकृतिक रूप से व्यक्ति में उसके टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन के स्तर और कामेच्छा को बढ़ाने में मदद करता है। 1 चम्मच मेथी के बीज को रात भर भिगो दें। सुबह खाली पेट पानी पिएं। इसके नियमित सेवन करने से, यह टेस्टोस्टेरोन और सहनशक्ति सपोर्ट में काफी हद तक मदद करता है।

Herbal Sexologist Doctor in Patna Bihar India

दूध (विशेष रूप से कुछ योजकों के साथ):

  • केसर के साथ गर्म दूध: पारंपरिक चिकित्सा में, केसर के कुछ रेशों के साथ गर्म दूध को जीवन शक्ति बढ़ाने और कामोद्दीपक के रूप में कार्य करने के लिए माना जाता है। केसर में मूड-बूस्टिंग और कामेच्छा बढ़ाने वाले प्रभाव हो सकते हैं। यह मूड को बढ़ाता है, यौन प्रदर्शन में सुधार करता है, और स्खलन में देरी करने में मदद कर सकता है। 4-5 केसर के रेशे को थोड़े से शहद के साथ गर्म दूध में भिगोएँ। सोने से पहले पिएँ। इसके नियमित रूप से संयमित रूप से सेवन करने से व्यक्ति का मूड, यौन क्रिया, तंत्रिका नियंत्रण अच्छा रहता है।
  • अश्वगंधा दूध: अश्वगंधा तनाव हार्मोन (जैसे कोर्टिसोल) को कम करने में मदद करता है, टेस्टोस्टेरोन के स्तर में सुधार करता है और यौन सहनशक्ति को बढ़ाता है। एक चुटकी दालचीनी और शहद के साथ गर्म दूध में 1 चम्मच अश्वगंधा पाउडर मिलाएं। रात को सोने से पहले इसका सेवन करे। यह व्यक्ति के चिंता से संबंधित शीघ्रपतन में मदद करता है और सहनशक्ति निर्माण में वृद्धि करता है।
  • जायफल के साथ गर्म दूध: केसर की तरह, जायफल का उपयोग पारंपरिक रूप से इसके शांतिदायक और कामोद्दीपक गुणों के लिए किया जाता रहा है। यौन परमार्शदाता के अनुसार, इसका सेवन व्यक्ति के स्तंभन दोष व शीघ्रपतन में बहुत मदद करते है।
  • बादाम के साथ दूध: बादाम विटामिन ई और स्वस्थ वसा का अच्छा स्रोत होता हैं, जो समग्र यौन स्वास्थ्य को बढ़ावा देते हैं। इसके नियमित सेवन से शरीर में स्वस्थ वसा का निर्माण होता है और यौन कार्य में मदद मिलता है।

Best Clinical Ayurvedic Sexologist in Patna Bihar India

फलों की स्मूदी/जूस (लाभकारी फलों से):

भारत के सीनियर और बिहार के टॉप सेक्सोलॉजिस्ट का यह भी कहना है कि प्राकृतिक रूप से देखा जाय तो केले, जामुन, तरबूज और एवोकाडो जैसे फलों को मिलाकर स्मूदी बनाना उनके लाभकारी पोषक तत्वों का सेवन करने का एक केंद्रित तरीका है। ये फल स्मूदी शरीर के समुचित विकास में मदद करते हैं।

  • केले की स्मूदी: पोटेशियम और बी विटामिन से भरपूर, ऊर्जा और तनाव कम करने के लिए अच्छा है।
  • बेरी स्मूदी: बेहतर परिसंचरण और सूजन को कम करने के लिए एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर।
  • नट्स के साथ केले की स्मूदी: केले में पोटैशियम और ब्रोमेलैन होता है (जो कामेच्छा को बढ़ाता है); नट्स में जिंक और स्वस्थ वसा होता है। 1 केले को मुट्ठी भर बादाम या अखरोट, 1 कप दूध और दालचीनी के साथ मिलाएँ। इसका स्मूदी के नियमित सेवन से व्यक्ति को उसके हॉरमोन सपोर्ट और यौन सहनशक्ति में वृद्धि होता है।
  • तरबूज और नींबू का रस: तरबूज में सिट्रूलिन होता है, और नींबू विटामिन सी प्रदान करता है, जो परिसंचरण में और सहायता करता है।

इन पेय पदार्थों से बचें (ये शीघ्रपतन को बढ़ाते हैं)

  • शराब (थोड़ी सी मात्रा भी नियंत्रण को कम कर सकती है)
  • मीठे सोडा का सेवन।
  • अत्यधिक कैफीन (कुछ लोगों में चिंता का कारण बनता है)
  • एनर्जी ड्रिंक (रक्तचाप बढ़ाते हैं, घबराहट पैदा करते हैं)

निम्नलिखित कार्य को शामिल करे:

  • पेल्विक फ्लोर व्यायाम (केगल्स)
  • माइंडफुलनेस या रिलैक्सेशन ट्रेनिंग
  • ज़िंक, मैग्नीशियम और ओमेगा-3 से भरपूर आहार

महत्वपूर्ण विचार:

  • अत्यधिक कैफीन और शराब से बचें:  हालांकि कैफीन की अल्प मात्रा हानिकारक नहीं हो सकती है, लेकिन अत्यधिक सेवन से चिंता हो सकती है और नींद में खलल पड़ सकता है, ये दोनों ही शीघ्रपतन को और खराब कर सकते हैं। शराब, विशेष रूप से बड़ी मात्रा में, यौन प्रदर्शन को खराब कर सकती है, संवेदनशीलता को कम कर सकती है और शरीर को निर्जलित भी कर सकती है।
  • मीठे पेय सीमित करें: मीठे सोडा और फलों के रस में चीनी मिलाने से वजन बढ़ सकता है, इंसुलिन प्रतिरोध और सूजन हो सकती है, जो सभी यौन स्वास्थ्य सहित समग्र स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हैं।
  • इलाज नहीं पूरक है: ये सभी पेय पूरक और सहायक हैं। वे शीघ्रपतन के लिए प्रत्यक्ष "इलाज" नहीं हैं।

समग्र दृष्टिकोण: शीघ्रपतन के प्रभावी प्रबंधन के लिए, अक्सर एक बहुआयामी दृष्टिकोण की आवश्यकता होती है, जिसमें शामिल हैं:

  • व्यवहार तकनीक: स्टार्ट-स्टॉप विधि और निचोड़ तकनीक।
  • पेल्विक फ्लोर व्यायाम (केगल्स): स्खलन में शामिल मांसपेशियों को मजबूत करने के लिए।
  • तनाव प्रबंधन: योग, ध्यान, माइंडफुलनेस।
  • संचार: अपने साथी के साथ खुलकर बातचीत करना।
  • पेशेवर से मदद: अंतर्निहित कारणों की पहचान करने और उचित उपचार प्राप्त करने के लिए डॉक्टर, मूत्र रोग विशेषज्ञ या सेक्सोलॉजिस्ट डॉक्टर से परामर्श करना महत्वपूर्ण है, जिसमें दवा या परामर्श शामिल हो सकता है।

इन लाभकारी पेय पदार्थों को संतुलित आहार में शामिल करने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने से समग्र स्वास्थ्य में सुधार और शीघ्रपतन के लक्षणों के बेहतर प्रबंधन में मदद मिल सकती है। व्यक्तिगत सलाह के लिए हमेशा किसी अच्छे व अनुभवी स्वास्थ्य सेवा पेशेवर से सलाह लें। दुबे क्लिनिक भारत का अग्रणी आयुर्वेदा व सेक्सोलोजी मेडिकल साइंस क्लिनिक है जो सभी तरह के गुप्त व यौन रोगियों को समस्त आयुर्वेदिक चिकित्सा व उपचार प्रदान करता है।

अभी के लिए बस इतना ही, मिलते है नए विषय के साथ।


Connect With Us

Do you have any concerns regarding sexual health, intimacy, or relationships? Contact our experienced sexologists for confidential and respectful advice. No one here will judge you—it is simply a professional clinical space where you can speak your mind for the betterment of your sexual health and well-being.

  • Confidential Consultations
  • Professional Guidance
  • Judgment-free Communication
  • Convenient Appointment Options
  • Expert Holistic Ayurvedic Solution
  • Comprehensive Integrated Treatment

+91-9835092586

Call Now or Connect on WhatsApp

Make an Appointment

image